संवाददाता महर्षि टाइम्स
बैरिया (बलिया)। बैरिया तहसील क्षेत्र के कर्ण छपरा गांव निवासी पत्रकार हरिनारायण सिंह के पिता शंकर सिंह (96) का बुधवार को उनके पैतृक आवास पर आकस्मिक निधन हो गया। उनके निधन की सूचना मिलते ही क्षेत्र में शोक की लहर दौड़ गई। गांव समेत आसपास के क्षेत्रों से बड़ी संख्या में लोग अंतिम दर्शन के लिए उनके आवास पहुंचने लगे। परिजनों के अनुसार, शंकर सिंह का अंतिम संस्कार गुरुवार सुबह सात बजे महुली गंगा घाट पर किया जाएगा। अंतिम यात्रा में क्षेत्र के गणमान्य लोग, पत्रकार, सामाजिक कार्यकर्ता एवं ग्रामीण शामिल होंगे। बताया जाता है कि शंकर सिंह गन फैक्ट्री से सेवानिवृत्त होने के बाद पिछले करीब 35 वर्षों से अपने पैतृक गांव कर्ण छपरा में रह रहे थे। सेवानिवृत्ति के बाद उन्होंने अपना जीवन समाज सेवा और प्रभु भक्ति को समर्पित कर दिया था। जरूरतमंदों की मदद करना उनकी दिनचर्या का हिस्सा था।ग्रामीणों के अनुसार, शंकर सिंह सरल, मिलनसार और ईमानदार व्यक्तित्व के धनी थे। उनकी मेहमाननवाजी और व्यवहार कुशलता की पूरे क्षेत्र में चर्चा रहती थी। गांव के बुजुर्ग बताते हैं कि उन्होंने सादगी के साथ जीवन जीते हुए समाज में अपनी अलग पहचान बनाई। पिता-पुत्र के रिश्ते की मिसाल पेश करते हुए वरिष्ठ पत्रकार हरिनारायण सिंह ने अंतिम समय तक अपने पिता की सेवा की। दवा, भोजन और देखभाल का पूरा जिम्मा उन्होंने स्वयं संभाला। परिजनों ने कहा कि शंकर सिंह भले ही आज इस दुनिया में नहीं हैं, लेकिन उनके संस्कार, आशीर्वाद और स्मृतियां सदैव परिवार और समाज को प्रेरित करती रहेंगी। शंकर सिंह के निधन पर क्षेत्र के पत्रकारों, सामाजिक संगठनों और गणमान्य लोगों ने गहरा शोक व्यक्त करते हुए उन्हें श्रद्धांजलि अर्पित की।
