ओमप्रकाश वर्मा
रसड़ा (बलिया)। ग्राम पंचायत छितौनी के लोकप्रिय व चर्चित वरिष्ठ अधिवक्ता आलोक तिवारी के पिता जयनाथ तिवारी उम्र 88 वर्ष का बुधवार को लगभग दोपहर 2:30 बजे निधन हो गया। उनके निधन की खबर मिलते ही पूरे क्षेत्र में शोक की लहर दौड़ गई।
बताया जा रहा है कि वे लंबे समय से बीमार चल रहे थे और राम मनोहर लोहिया अस्पताल में उनका इलाज चल रहा था। उपचार के दौरान ही उन्होंने अंतिम सांस ली। निधन के बाद उनके पार्थिव शरीर का अंतिम संस्कार वाराणसी के मणिकर्णिका घाट पर किया गया। मुखाग्नि उनके पुत्र आलोक कुमार तिवारी ने दिया.
स्व. जयनाथ तिवारी के निधन से क्षेत्र के बुद्धिजीवियों और ग्रामीणों में गहरा शोक व्याप्त है। उनके आवास पर शोक व्यक्त करने वालों का तांता लगा रहा। लोग शोक संतप्त परिवार को ढांढस बंधाते नजर आए।
वे सरल, मिलनसार और मधुर स्वभाव के व्यक्ति थे। अपने व्यवहार के कारण वे क्षेत्र में काफी सम्मानित थे। उनके निधन को समाज के लिए अपूरणीय क्षति माना जा रहा है।
इस अवसर पर परशुराम तिवारी, प्रमोद पांडेय, मनजीत सिंह, त्रिलोकीनाथ सिंह, कमलेश तिवारी, सुभाष चंद्र पांडेय, राजेश सिंह, गिरिशनारायण सिंह, देवेंद्र तिवारी, ओमप्रकाश, सुरेंद्र प्रजापति, सुभाष यादव, राजेश सिंह, आचार्य ओमप्रकाश वर्मा, गिरीश नारायण सिंह, सुरेन्द्र तिवारी सहित तमाम गणमान्य लोग मौजूद रहे।

