इस घटना पर अखिल भारतीय स्वतंत्रता सेनानी संगठन ने व्यक्त किया आक्रोश,सेनानी पौत्र वधु के लखनऊ से वापसी पर आगे की बनेगी रणनीति
थानाध्यक्ष रेवती ने कहा कि मामला संज्ञान में है होगी कार्यवाही
*महर्षि टाइम्स \ रिपोर्टर \ शिवसागर पाण्डेय*
रेवती(बलिया)। देश को अंग्रेजों से आजाद कराने के लिए बलिया स्टेशन पर वर्ष 1928 में साइमन को काला झंडा दिखाने वाले स्वतंत्रता सेनानी रघुराई के पौत्र वधु शोभा केशरी का चार टाली ईट उसके जमीन से उठा कर सड़क पर फेक दिया और आजाद भारत की रेवती थाने की पुलिस देखती रह गयी।
शोभा ने यह प्रकरण अब सूबे के राज्यपाल और मुख्यमंत्री के पास रखकर पूछा है कि पुलिस महकमा सेनानी के परिजनो तथा उनके सम्मान की सुरक्षा करने में क्यों अक्षम है ? लखनऊ में मौजूद शोभा ने बताया कि जैसे ही मैं वहां से लखनऊ के लिए निकली इधर पड़ोसियों ने ईट हटाने का काम शुरु कर दिया।हल्का दरोगा प्रभाकर शुल्क और एसओ रेवती प्रशान्त चौधरी को फोन से सूचित किया किंतु पुलिस प्रभावी कार्यवाही के बजाय मौन हो गयी और ईट को थाने जाने वाले सड़क के किनारे लावारिश फेक दिया गया।शोभा ने बताया कि इस घटना पर तब तक चुप नही बैठूंगी जब तक ईट फेकने वालो के साथ ही दोषी लोगो का परोक्ष और अपरोक्ष लोगो चिन्हित कर शासन व प्रशासन के लोग विधिक कार्यवाही नही कर लेते।इस मामले में बलिया के डीएम व एसपी से भी कार्यवाही की मांग किया।सेनानी पौत्र वधु की घटना को लेकर अखिल भारतीय स्वतंत्रता संग्राम सेनानी आश्रित संगठन भी हतप्रभ है।तहसील अध्यक्ष शिवशंकर श्रीमाली ने कहा कि उक्त घटना काफी निंदनीय है।पुलिस के संज्ञान के बावजूद सेनानी पौत्र वधु की अनुपस्थित में ईट गायब होने की घटना ने रेवती पुलिस के कार्यप्रणाली को कटघरे में खड़ा कर दिया है। एसओ प्रशान्त कुमार चौधरी ने कहा कि प्रकरण संज्ञान में है दोषी लोगो पर प्रभावी कार्यवाही अवश्य की जाएगी।
