बाल क्रीड़ा प्रतियोगिता का आज हुआ समापन
महर्षि टाइम्स
नगरा(बलिया) स्थानीय ब्लाक के परिषदीय विद्यालय के बच्चों की बाल क्रीड़ा प्रतियोगिता का आज जनता इंटर कॉलेज नगरा के मैदान में समापन हुआ। समापन के अवसर पर सुवचन राम पूर्व मुख्य आयकर आयुक्त, उप जिलाधिकारी रसड़ा संजय कुमार कुशवाहा एवं क्षेत्राधिकारी रसड़ा मो. फहीम कुरैशी ने बच्चों का उत्साहवर्धन किया तथा सभी विजेता एवं उपविजेता बच्चों को माल्यार्पण, प्रमाण पत्र एवं मैडल देकर सम्मानित किया सुबचन राम पूर्व मुख्य आयकर आयुक्त ने बताया कि आज के बच्चे जो प्राथमिक विद्यालय में पढ़ रहे हैं वे कल भविष्य का निर्माण करेंगे। उप जिला अधिकारी रसड़ा ने कहा कि बच्चों में खेल केवल शारीरिक विकास ही नहीं बल्कि मानसिक एवं नैसर्गिक विकास के लिए अत्यंत जरूरी है ।आज दूसरे दिन प्रतियोगिता का आरंभ 50 मी 100 मी 200 मी 400 मी बालक बालिका प्राथमिक एवं उच्च प्राथमिक स्टार के दौड़ से प्रारंभ हुआ।ओवर आल चैंपियनशीप सुल्तानपुर के बच्चे विजेता तथा लहसनी के बच्चे उप विजेता रहे।50 मीटर प्राथमिक में अंगद प्रथम बालिका में अनुष्का शर्मा प्रथम 200 मीटर में ओंकार तथा खुशबू चौहान 100 मीटर में अंगद दीपा चौहान।100 मीटर में राजा , डिंपी यादव प्रथम 400 मीटर में आर्यनतथा सोनम पांडे प्रथम रहे सांस्कृतिक कार्यक्रम प्रतियोगिता में प्राथमिक विद्यालय बहराइच कस्तूरबा भीमपुरा तथा प्राथमिक विद्यालय कोठी के बच्चों का कार्यक्रम सराहनीय रहा। कार्यक्रम में सत्य प्रकाश सिंह ब्लाक व्यायाम शिक्षक, रामप्रवेश वर्मा, दयाशंकर, बच्चा लाल, अशोक शर्मा, दुर्गेश प्रजापति, जितेंद्र सिंह, हेमंत यादव,ओमप्रकाश ,पुष्पांजलि श्रीवास्तव ,आराधना मिश्रा, पूनम आदि शिक्षकों ने तथा बृजेश , रंदीप ,आदि ने महत्वपूर्ण भूमिका अदा किया ।कार्यक्रम का समापन खंड शिक्षा अधिकारी नगर आरपी सिंह ने आए हुए सभी अतिथियों का आभार व्यक्त करते हुए कहा कि निश्चित रूप से नगर ब्लॉक के बच्चे बहुत जल्द निपुण नगर बनाएंगे और शिक्षा तथा संस्कार दोनों प्राप्त कर देश का नाम रोशन करेंगे अंत में यूपी जिला अधिकारी रसड़ा तथा क्षेत्राधिकार रसड़ा ने संयुक्त रूप से बाल क्रीड़ा प्रतियोगिता ध्वज अवतरण का कार्य संपन्न कराया एवं राष्ट्रगान के साथ खेल का समापन हुआ। कार्यक्रम में आए हुए समस्त शिक्षक अनुदेशक शिक्षा मित्र कार्मिक अभिभावक एवं बच्चों का धन्यवाद ज्ञापन किया गया। कार्यक्रम का संचालन रामकृष्ण मौर्य ने किया।

